छिबरामऊ विधानसभा से विधायक अर्चना पांडेय का राजनीतिक सफर, शिक्षा, प्रमुख कार्य, उपलब्धियां और जनाधार
छिबरामऊ विधानसभा
अर्चना पांडेय भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता और कन्नौज जिले की छिबरामऊ विधानसभा सीट से विधायक हैं। उनका जन्म 5 जून 1960 को छिबरामऊ में हुआ। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से अंग्रेज़ी विषय में एम.ए. की शिक्षा प्राप्त की। उनके पिता स्वर्गीय राम प्रकाश त्रिपाठी भाजपा के वरिष्ठ नेता, विधायक और सांसद रहे थे। अर्चना पांडेय पिछले दो दशकों से अधिक समय से राजनीति और सामाजिक कार्यों में सक्रिय हैं। 2017 से 2019 तक वे उत्तर प्रदेश सरकार में राज्य मंत्री भी रहीं। 2022 के चुनावी हलफनामे के अनुसार उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है।
राजनीतिक सफर
- 2012 में पहली बार भाजपा के टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़ा और मजबूत जनाधार बनाया।
- 2017 में सपा के अरविंद सिंह यादव को हराकर पहली बार विधायक बनीं।
- छिबरामऊ की पहली महिला विधायक बनने का गौरव प्राप्त किया।
- 2017 से 2019 तक उत्तर प्रदेश सरकार में महिला एवं बाल विकास, पर्यटन तथा धर्मार्थ कार्य विभाग में राज्य मंत्री रहीं।
- 2022 में पुनः चुनाव जीतकर लगातार दूसरी बार विधानसभा पहुंचीं।
- 2022 में सपा के अरविंद यादव को 1,111 वोटों के अंतर से हराया।
प्रमुख कार्य और उपलब्धियां
- महिला एवं बाल विकास से जुड़े कार्यक्रमों और पोषण योजनाओं को बढ़ावा दिया।
- कालिका देवी मंदिर सहित धार्मिक स्थलों के विकास और सौंदर्यीकरण में योगदान दिया।
- ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में सड़क निर्माण तथा संपर्क मार्गों के विस्तार पर कार्य किया।
- सरकारी स्कूलों के सुधार, शौचालय निर्माण और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए पहल की।
- पेयजल योजनाओं और स्वच्छता अभियानों को बढ़ावा दिया।
- मुख्यमंत्री राहत कोष के माध्यम से जरूरतमंद मरीजों को सहायता उपलब्ध कराने में सक्रिय भूमिका निभाई।
- महिला सुरक्षा, छात्रवृत्ति और सामाजिक कल्याण योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर विशेष ध्यान दिया।
छिबरामऊ के प्रमुख नेता
- अर्चना पांडेय भाजपा की वरिष्ठ महिला नेता हैं और महिला सशक्तिकरण तथा सांस्कृतिक संरक्षण के लिए जानी जाती हैं।
- राम प्रकाश त्रिपाठी भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री रहे, जिन्होंने शिक्षा एवं स्वास्थ्य क्षेत्र में योगदान दिया।
- अरविंद सिंह यादव समाजवादी पार्टी के प्रभावशाली नेता रहे और पिछड़े वर्गों की राजनीति में मजबूत पहचान रखते हैं।
- ताहिर हुसैन बसपा के नेता रहे और अल्पसंख्यक तथा दलित समुदाय के मुद्दों को उठाते रहे हैं।