किशनी विधानसभा से विधायक बृजेश कठेरिया का राजनीतिक सफर, शिक्षा, प्रमुख कार्य, उपलब्धियां और जनाधार
10 June, 2026 | Desk

किशनी विधानसभा से विधायक बृजेश कठेरिया का राजनीतिक सफर, शिक्षा, प्रमुख कार्य, उपलब्धियां और जनाधार

किशनी विधानसभा
बृजेश कठेरिया समाजवादी पार्टी के अनुभवी विधायक हैं, जो उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले की किशनी विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं। वे 2012 से लगातार इस सीट से जीतते आ रहे हैं और 2022 के चुनाव में भी उन्होंने समाजवादी पार्टी के टिकट पर जीत दर्ज की। पेशे से मैकेनिकल इंजीनियर बृजेश कठेरिया जनसेवा और क्षेत्रीय विकास में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। उनकी राजनीतिक छवि साफ-सुथरी मानी जाती है, क्योंकि 2022 चुनावी हलफनामों के अनुसार उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है।
शैक्षिक योग्यता और निजी पृष्ठभूमि
  • बृजेश कठेरिया की आयु 51 वर्ष है और उन्होंने स्नातक की पढ़ाई के साथ इंजीनियरिंग में डिप्लोमा भी प्राप्त किया है।
  • वे अनुसूचित जाति समुदाय से हैं और कृषि व सामाजिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते हैं।
  • उनकी कुल संपत्ति लगभग 1.7 करोड़ रुपये है, जिसमें 14 लाख रुपये अचल और 33 लाख रुपये चल संपत्ति शामिल है; उनकी देनदारियां लगभग 30 लाख रुपये हैं और उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है।
राजनीतिक सफर
  • किशनी विधानसभा से 2012, 2017 और 2022 में लगातार सपा के टिकट पर विजयी रहे हैं।
  • उन्होंने भाजपा, बसपा और कांग्रेस को हराकर लगातार तीन चुनावों में जीत हासिल की; 2022 में 19151 वोटों के अंतर से विजयी रहे।
  • ये किशनी के शिव सिंहपुर गांव के निवासी हैं और मुलायम सिंह व अखिलेश यादव के भरोसेमंद स्थानीय नेता माने जाते हैं।
  • पिछड़े और गरीब समुदाय में इनकी विशाल लोकप्रियता है और सपा संगठन में जिले का प्रमुख चेहरा हैं।
प्रमुख कार्य और उपलब्धियाँ
  • क्षेत्र में सड़क, बिजली, नाली, स्कूल और स्वास्थ्य केंद्र सहित बुनियादी सुविधाओं का विस्तार कराया और गांव-गांव तक विकास कार्य सुनिश्चित किए।
  • अवैध कब्जे, जल निकासी और गंदगी जैसी समस्याओं को लगातार उठाकर उनका समाधान करवाया।
  • किसानों, मजदूरों, छात्रों और महिलाओं के लिए सरकारी योजनाओं जैसे राशन, आवास, छात्रवृत्ति और सामाजिक सुरक्षा का सीधा लाभ जनता तक पहुँचाया।
  • दलाली, पुलिस और प्रशासनिक भ्रष्टाचार के खिलाफ खुली लड़ाई लड़ी और ठेकेदारी-बिचौलिया संस्कृति को चुनौती दी।
  • जनता से नियमित संवाद, बैठकें और धरना-प्रदर्शन के माध्यम से क्षेत्र की छोटी-बड़ी शिकायतों का तुरंत समाधान किया।
  • इन विकास कार्यों और सक्रिय जनसंपर्क के कारण पूरे क्षेत्र में सपा के लिए संगठनात्मक मजबूती और स्थानीय गरीब वर्ग का भरोसा कायम हुआ।
किशनी के प्रमुख अन्य नेता
  • डॉ. प्रिय रंजन आशु दिवाकर (भाजपा): 2022 के चुनाव में दूसरे स्थान पर रहे, शिक्षा और युवा वर्ग में मजबूत पकड़ रखते हैं।
  • कमलेश कुमारी (बसपा): 2017 और 2022 की प्रत्याशी, महिला नेतृत्व को बढ़ावा देने और सामाजिक न्याय के क्षेत्र में सक्रिय रही हैं।
  • डॉ. विजय नारायण सिंह (कांग्रेस): शिक्षा और सामाजिक न्याय के लिए पहचाने जाने वाले नेता हैं।