सिराथू विधानसभा सीट - Kaushambi

सिराथू

वर्तमान विधायक
डा0 पल्लवी पटेल
जिला
Kaushambi
राज्य
उत्तर प्रदेश
पार्टी
समाजवादी पार्टी
कुल मतदाता
लोक सभा निर्वाचन क्षेत्र
कौशांबी
सिराथू विधानसभा सीट
सिराथू विधानसभा उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में स्थित एक प्रमुख निर्वाचन क्षेत्र है। यह क्षेत्र राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है और यहां विभिन्न जातीय तथा धार्मिक समुदायों का मिश्रण देखने को मिलता है। सिराथू, कौशांबी लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है और इसका विधानसभा क्रमांक 251 है।
जनसंख्या (जनगणना 2011)
जिला: कौशांबी
विधानसभा क्रमांक: 251
लोकसभा क्षेत्र: कौशांबी (एससी)
आरक्षण: अनारक्षित (सामान्य)
अनुमानित आबादी: 3,80,839 मतदाता (सटीक आंकड़ा उपलब्ध नहीं))
साक्षरता दर: 54.59% (लोकसभा क्षेत्र)
धार्मिक और सामाजिक विभाजन
हिंदू: बहुसंख्यक
मुस्लिम: लगभग 13%
अन्य समुदाय: अन्य अल्पसंख्यक
अनुसूचित जाति: लगभग 33%
राजनीतिक इतिहास और हालिया चुनावी रुझान
2022 चुनावी परिणाम
कुल मतदाता : 3,80,839
विजेता: डॉ. पल्लवी पटेल (सपा)
वोट शेयर: 46.49%
उपविजेता: केशव प्रसाद मौर्य (भाजपा)
मतदान प्रतिशत: 60.12%
सिराथू विधानसभा (कौशांबी, यूपी) का चुनावी इतिहास काफी दिलचस्प और उतार-चढ़ाव भरा रहा है। 1990 के दशक में यहां बसपा का अच्छा खासा प्रभाव था और 2002 व 2007 में उसने जीत दर्ज की। 2012 में पहली बार भाजपा को यहां से जीत मिली, जब केशव प्रसाद मौर्य विधायक बने। हालांकि 2014 के उपचुनाव में सीट सपा के पास चली गई, लेकिन 2017 में भाजपा के शीतला प्रसाद ने फिर से जीत दर्ज की। यहां सबसे बड़ी भूमिका अनुसूचित जाति और पिछड़े वर्ग के मतदाता निभाते हैं। SC मतदाता करीब 45% और ओबीसी लगभग 24% हैं। 2022 का चुनाव सिराथू को प्रदेश की सबसे चर्चित सीटों में ले आया क्योंकि यहां से भाजपा के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य खुद मैदान में थे। सपा ने उनके मुकाबले में पल्लवी पटेल को उतारा और जातीय समीकरणों को ध्यान में रखते हुए जोरदार टक्कर दी। नतीजा ये रहा कि पल्लवी पटेल ने केशव मौर्य को 7,337 वोटों से हराकर सबको चौंका दिया। इस बार का चुनाव पूरी तरह सपा और भाजपा के बीच रहा, जबकि बसपा और कांग्रेस हाशिए पर रहीं। कुल मिलाकर, सिराथू की राजनीति जातीय समीकरण, बहुजन राजनीति और हाई-प्रोफाइल उम्मीदवारों की वजह से हमेशा सुर्खियों में रहती है।
विधायक परिचय और आपराधिक मामला
डॉ. पल्लवी पटेल समाजवादी पार्टी की नेता हैं और फिलहाल सिराथू विधानसभा (कौशांबी, यूपी) से विधायक हैं। वे अपना दल (कमेरावादी) के संस्थापक डॉ. सोनेलाल पटेल की बेटी हैं और उनकी मां कृष्णा पटेल पार्टी की अध्यक्ष हैं। पल्लवी पटेल की बहन अनुप्रिया पटेल केंद्र सरकार में मंत्री हैं। पल्लवी ने बायोटेक्नोलॉजी में ग्रेजुएशन और फलों-सब्जियों पर रिसर्च में डॉक्टरेट की है। उनकी शादी पंकज निरंजन सिंह से हुई है। उन्होंने राजनीति की शुरुआत 2008 में अपने पिता की पार्टी से की और 2017 के बाद पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष बनीं। 2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने समाजवादी पार्टी के टिकट पर सिराथू से चुनाव लड़ा और उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को हराकर सुर्खियों में आ गईं। उनके खिलाफ किसी भी तरह का आपराधिक मामला दर्ज नहीं है। 2022 के चुनावी हलफनामे के अनुसार उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है।
सिराथू विधानसभा: पिछले 5 वर्षों के प्रमुख मुद्दे
पिछले कुछ सालों में सिराथू विधानसभा (कौशांबी, उत्तर प्रदेश) के लोगों को कई अहम समस्याओं का सामना करना पड़ा है। यहां की सड़कों की हालत काफी खराब है और कई जगहों पर मरम्मत की जरूरत है, जिससे लोगों को आने-जाने में दिक्कत होती है। गर्मियों में पेयजल की भारी किल्लत रहती है और साफ पानी मिलना बड़ी चुनौती बन जाता है। शमसाबाद का पारंपरिक बर्तन उद्योग धीरे-धीरे खत्म हो रहा है, जिससे कई लोगों की रोज़ी-रोटी पर असर पड़ा है। दलित और पिछड़े वर्ग की बड़ी आबादी अब भी शिक्षा, रोजगार और सरकारी योजनाओं के लाभ से पूरी तरह नहीं जुड़ पाई है। सिराथू धार्मिक और सांस्कृतिक रूप से भी खास है। यहां मां शीतला मंदिर, राजा जयचंद्र का किला, संत मलूकदास की तपस्थली और ख्वाजा कड़क शाह की दरगाह जैसे कई ऐतिहासिक स्थल हैं, जिनके रखरखाव और पर्यटन के विकास की मांग भी लगातार उठती रही है। हालांकि, इन सभी मुद्दों पर लोगों ने कई बार आवाज उठाई है, लेकिन समाधान की रफ्तार को लेकर जनता में नाराज़गी बनी रही है।

उत्तर प्रदेश लेटेस्ट न्यूज़