तमकुही राज विधानसà¤à¤¾ सीट - Kushinagar
तमकुही राज |
|
|---|---|
| वर्तमान विधायक | डॉo असीम कुमार |
| जिला | Kushinagar |
| राज्य | उत्तर प्रदेश |
| पार्टी | भारतीय जनता पार्टी |
| कुल मतदाता | |
| लोक सभा निर्वाचन क्षेत्र | देवरिया |
तमकुही राज विधानसभा सीट
तमकुही राज विधानसभा कुशीनगर जिले की एक प्रमुख सीट है, जो उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र में स्थित है। यह कुशीनगर जिले के तमकुही राज कस्बे तथा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को कवर करती है। 2008 के परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई यह सीट सामाजिक और जातीय विविधता के लिए जानी जाती है। विधानसभा क्रमांक 331 है और यह देवरिया लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है।
जनसंख्या (जनगणना 2011)
जिला: कुशीनगर
विधानसभा क्रमांक: 331
लोकसभा क्षेत्र: देवरिया
आरक्षण: कोई नहीं (सामान्य)
अनुमानित आबादी: 3.6-3.8 लाख
साक्षरता दर: लगभग 65% (जिला औसत)
लिंग अनुपात: लगभग 950 (जिला औसत)
धार्मिक और सामाजिक विभाजन
हिंदू: 78%
मुस्लिम: 20%
अन्य समुदाय: करीब 2%
अनुसूचित जाति: 16–18% (जिला)
राजनीतिक इतिहास और हालिया चुनावी रुझान
2022 चुनावी परिणाम
कुल मतदान: 2,24,096
वोट शेयर: लगभग 56.5%
विजेता असीम कुमार (भाजपा)
वोट शेयर: 51.4%
विजेता: डॉ. उदय नारायण (सपा)
तमकुही राज विधानसभा सीट 2008 में परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई, लेकिन यह इलाका ऐतिहासिक रूप से राजघरानों और स्वतंत्रता संग्राम से जुड़ा रहा है। हालांकि विकास की दौड़ में यह क्षेत्र थोड़ा पीछे रहा, लेकिन राजनीतिक रूप से यहां हमेशा कड़ा मुकाबला देखने को मिला है। 2012 में कांग्रेस के अजय कुमार लल्लू ने इस सीट पर पहली बार जीत दर्ज की और 2017 में भी उन्होंने जीत दोहराई। वे लगातार दो बार विधायक रहे, जबकि लोकसभा स्तर पर भाजपा का प्रभाव बढ़ा रहा। 2022 में तस्वीर पूरी तरह बदली, जब भाजपा-निषाद पार्टी गठबंधन के प्रत्याशी डॉ. असीम कुमार ने बड़ी जीत हासिल की और कांग्रेस समेत अन्य दलों को पीछे छोड़ दिया। जातीय समीकरणों और केंद्र व राज्य सरकार की लहर ने इस जीत में अहम भूमिका निभाई। 3.78 लाख मतदाताओं वाली इस सीट पर 50.81% मतदान हुआ और भाजपा गठबंधन को 1.15 लाख से अधिक वोट मिले, जबकि सपा को करीब 49 हजार, कांग्रेस को 33 हजार और बसपा को लगभग 17 हजार वोट ही मिले। करीब 66 हजार वोटों के भारी अंतर से मिली इस जीत ने तमकुही राज का चुनावी नक्शा बदल दिया। जहां पहले मुकाबला बहुकोणीय हुआ करता था, अब यह भाजपा और विपक्ष के बीच सीधा हो गया है, और भाजपा की पकड़ मजबूत होती दिख रही है।
विधायक परिचय और आपराधिक मामला
असीम कुमार, भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और वर्तमान में तमकुही राज विधानसभा (कुशीनगर, सीट संख्या 331) से विधायक हैं। वे पेशे से चिकित्सक हैं और पहले भाजपा के चिकित्सा प्रकोष्ठ में गोरखपुर क्षेत्र के क्षेत्रीय संयोजक के रूप में भी काम कर चुके हैं। 2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने पहली बार भाजपा प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा और बड़ी जीत दर्ज कर विधायक बने। हालांकि, उनके 2022 के चुनावी हलफनामे के अनुसार उनके खिलाफ एक आपराधिक मामला दर्ज हैं।
तमकुही राज विधानसभा: पिछले 5 वर्षों के प्रमुख मुद्दे
पिछले पांच वर्षों में तमकुही राज विधानसभा क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की कमी, किसानों की समस्याएं, बेरोजगारी और प्रशासनिक लापरवाही जैसे मुद्दे लगातार जनता की चिंता का केंद्र बने रहे। कई इलाकों में आज भी पक्की सड़कें, पुल और जलनिकासी जैसी सुविधाएं अधूरी हैं। यहां तक कि 2022 के चुनाव में पिपराघाट के रणजीत टोला जैसे गांवों में पुल न बनने से लोगों ने मतदान तक का बहिष्कार किया। खेती इस क्षेत्र की रीढ़ है, लेकिन सिंचाई, बिजली, नहरों की सफाई और खाद-बीज की समय पर उपलब्धता जैसी समस्याएं किसानों को लगातार परेशान करती रहीं। युवाओं के सामने रोजगार का संकट और उद्योगों की कमी ने पलायन की स्थिति पैदा की, जबकि सरकारी योजनाओं का लाभ बहुत सीमित वर्ग तक ही पहुंच पाया। शिक्षा और स्वास्थ्य के मोर्चे पर भी सरकारी स्कूलों और अस्पतालों की स्थिति को लेकर असंतोष बना रहा। ढांचागत संसाधनों की कमी और स्टाफ की तैनाती में ढिलाई ने हालात और कठिन किए। चुनावी प्रक्रिया के दौरान ईवीएम की खराबी और प्रशासन की लापरवाही ने लोगों के गुस्से को और भड़काया। राजनीतिक रूप से भी क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिला. जहां 2017 तक कांग्रेस के अजय कुमार लल्लू का दबदबा था, वहीं 2022 में भाजपा-निषाद गठबंधन से डॉ. असीम कुमार की जीत ने नया नेतृत्व और नए समीकरण स्थापित किए। इन तमाम मुद्दों के बीच तमकुही राज की राजनीति और जनभावनाएं पिछले पांच सालों में लगातार इन्हीं जमीनी सवालों के इर्द-गिर्द घूमती रहीं।