टांडा विधानसभा से विधायक राममूर्ति वर्मा का राजनीतिक सफर, प्रमुख कार्य, उपलब्धियां और जनाधार
टांडा विधानसभा
राममूर्ति वर्मा समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता, पूर्व कैबिनेट मंत्री और अंबेडकरनगर जिले की टांडा विधानसभा सीट से विधायक हैं। उनका जन्म 1 जनवरी 1965 को हुआ। वे कृषि कार्य से जुड़े रहे हैं और स्नातक स्तर तक शिक्षा प्राप्त की है। 2012 में अकबरपुर विधानसभा सीट से विधायक चुने जाने के बाद अखिलेश यादव सरकार में पशुधन एवं डेयरी विकास मंत्री बने। 2017 में हार का सामना करने के बाद 2022 में टांडा सीट से शानदार वापसी करते हुए भाजपा के कपिलदेव वर्मा को 32,097 मतों से हराकर विधायक बने। चुनावी हलफनामे के अनुसार उनके खिलाफ तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं।
राजनीतिक सफर
- समाजवादी पार्टी के संगठन में लंबे समय तक जिला और मंडल स्तर पर सक्रिय भूमिका निभाई।
- तीन बार समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष रह चुके हैं।
- 2012 में अकबरपुर विधानसभा सीट से जीतकर अखिलेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बने।
- 2017 में चुनाव हारने के बाद भी संगठन में मजबूत पकड़ बनाए रखी।
- 2022 में टांडा विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी के रूप में चुनाव जीतकर विधानसभा में वापसी की।
- महिला सशक्तिकरण, युवा विकास और सामाजिक संवाद के मुद्दों को लगातार आगे बढ़ाया।
प्रमुख कार्य और उपलब्धियां
- सड़क निर्माण, इंटरलॉकिंग मार्ग और नालियों के विकास कार्यों को गति दी।
- सरकारी स्कूलों और कॉलेजों के भवनों का जीर्णोद्धार तथा छात्रवृत्ति योजनाओं को बढ़ावा दिया।
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में सुविधाओं का विस्तार और कोविड राहत शिविरों का आयोजन कराया।
- किसानों के लिए सिंचाई सुविधाओं, फसल खरीद व्यवस्था और कृषि सहायता योजनाओं को मजबूत किया।
- दलित, पिछड़े और कमजोर वर्गों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए विशेष प्रयास किए।
- गांव-गांव जनचौपाल और जनसुनवाई कार्यक्रमों के माध्यम से जनता से सीधा संवाद बनाए रखा।
- पेंशन, राशन कार्ड और आवास योजनाओं के लाभार्थियों तक योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित की।
टांडा के प्रमुख नेता
- राममूर्ति वर्मा समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री हैं।
- संजू देवी भाजपा की पहली महिला विधायक रहीं और क्षेत्रीय विकास कार्यों के लिए जानी जाती हैं।
- रामअचल राजभर बसपा के वरिष्ठ नेता हैं और सामाजिक न्याय के मुद्दों को उठाते रहे हैं।
- लालजी वर्मा समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री रहे हैं।
- तनवीर खान कांग्रेस से जुड़े नेता हैं और अल्पसंख्यक समुदाय के मुद्दों पर सक्रिय रहे हैं।