टूण्डला विधानसà¤à¤¾ सीट - Firozabad
टूण्डला |
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|---|---|
| वर्तमान विधायक | श्री प्रेम पाल सिंह धनगर |
| जिला | Firozabad |
| राज्य | उत्तर प्रदेश |
| पार्टी | भारतीय जनता पार्टी |
| कुल मतदाता | |
| लोक सभा निर्वाचन क्षेत्र | फतेहपुर सीकरी |
टूंडला विधानसभा सीट
टूंडला उत्तर प्रदेश विधानसभा की 403 सीटों में से एक है, जो फिरोजाबाद जिले में स्थित है। यह फतेहपुर सीकरी लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है और 2008 के परिसीमन के बाद इसे विधानसभा संख्या 95 दी गई। यह सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है। टूंडला में मुख्य रूप से जाटव, बघेल, यादव, ओबीसी और ब्राह्मण समुदायों का प्रभाव है, लेकिन जाटव वोटर यहां निर्णायक भूमिका निभाते हैं।
जनसंख्या (जनगणना 2011)
जिला: फिरोजाबाद
विधानसभा संख्या: 95
आरक्षण स्थिति: अनुसूचित जाति
जिले की कुल जनसंख्या: लगभग 24 लाख
कुल जनसंख्या: 50,423 (नगर परिषद)
साक्षरता दर: 67.68% (जिला)
लिंगानुपात: 902/1000
धार्मिक एवं साम्प्रदायिक विभाजन (जनगणना 2011)
हिन्दू: 84.31%
मुस्लिम: 8.96%
अन्य: 1% से कम
अनुसूचित जाति: 19.04%
राजनीतिक इतिहास और हालिया चुनावी रुझान
2022 चुनावी परिणाम
कुल मतदाता: 2,47,341
विजेता: प्रेमपाल सिंह धनगर (भाजपा)
वोट शेयर: 49.7%
उपविजेता: राकेश बाबू (सपा)
मतदान प्रतिशत: 66.5%
टूंडला विधानसभा सीट, जो फिरोजाबाद जिले में स्थित और अनुसूचित जाति (SC) के लिए आरक्षित है, का राजनीतिक इतिहास काफी विविध रहा है। इस सीट पर कोई भी राजनीतिक दल लगातार जीत दर्ज नहीं कर पाया है, और लगभग हर चुनाव में मतदाताओं ने अपना विधायक बदल दिया है। 1980 और 1986 में कांग्रेस, 1989 और 1991 में जनता दल, 1993 और 2002 में सपा, 1996 में भाजपा, 2007 और 2012 में बसपा ने जीत हासिल की, जबकि 2017, 2019 (उपचुनाव) और 2022 में भाजपा ने विजयी बढ़त बनाई। यहां जाटव, बघेल (धनगर), यादव और क्षत्रिय मतदाता महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, जिससे जातीय समीकरण चुनावी नतीजों को सीधे प्रभावित करते हैं। हालिया चुनावी रुझानों में भाजपा की पकड़ और मजबूत हुई है। 2017 में एसपी सिंह बघेल ने बसपा के राकेश बाबू को भारी अंतर से हराया और उनके सांसद बनने के बाद 2019 के उपचुनाव में भाजपा के प्रेम पाल सिंह धनगर ने सपा के महाराज सिंह दिनकर को 17,000 से अधिक वोटों से हराया। 2022 में भी भाजपा ने अपनी बढ़त कायम रखी, जब प्रेम पाल सिंह धनगर ने सपा के राकेश बाबू को 47,691 वोटों के बड़े अंतर से हराकर जीत दर्ज की। इस चुनाव में बसपा और कांग्रेस पिछड़ गईं, जबकि भाजपा का वोट शेयर लगातार बढ़ता गया, जिससे उसकी स्थिति और मजबूत हुई है।
विधायक परिचय और आपराधिक मामला
प्रेमपाल सिंह धनगर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता हैं और उत्तर प्रदेश की टूंडला विधानसभा सीट से वर्तमान विधायक हैं। उन्होंने 2019 के उपचुनाव में पहली बार जीत हासिल की थी और इसके बाद 2022 के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी (सपा) के राकेश बाबू को भारी अंतर से हराकर पुनः विधायक चुने गए। उनका राजनीतिक सफर भाजपा के संगठनात्मक ढांचे से शुरू हुआ और वे क्षेत्र में सामाजिक कार्यों के लिए भी पहचाने जाते हैं। चुनाव आयोग को दिए गए शपथपत्र के अनुसार, प्रेमपाल सिंह धनगर के खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है और उनके हलफनामे में आपराधिक मामलों की संख्या 'शून्य' दर्ज की गई है।
टूंडला विधानसभा: पिछले 5 वर्षों के प्रमुख मुद्दे
पिछले पांच वर्षों में टूंडला विधानसभा क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण मुद्दे लगातार राजनीतिक और सामाजिक चर्चा का केंद्र रहे हैं। अनुसूचित जाति (SC) के लिए आरक्षित इस सीट पर SC और OBC मतदाताओं की निर्णायक भूमिका रही है, जिससे सामाजिक न्याय, आरक्षण के लाभों का वितरण और दलित समुदाय की भागीदारी अहम चुनावी मुद्दे बने रहे। क्षेत्र की ग्रामीण प्रकृति को देखते हुए सड़क, बिजली, पानी और सिंचाई जैसी बुनियादी सुविधाओं की मांग प्रमुख रही, खासकर आगरा और फिरोजाबाद से कनेक्टिविटी को लेकर जनता की अपेक्षाएँ बढ़ी हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधारना, सरकारी स्कूलों व अस्पतालों की स्थिति बेहतर बनाना भी स्थानीय जनता की प्राथमिकताओं में शामिल रहा। बेरोजगारी की समस्या और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर, कौशल विकास केंद्रों की स्थापना और स्वरोजगार योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन लगातार चिंता का विषय बने रहे। इसके साथ ही, महिलाओं की सुरक्षा, अपराध नियंत्रण और ग्रामीण इलाकों में पुलिस व्यवस्था की सुदृढ़ता को लेकर भी आवाज उठती रही है। राजनीतिक अस्थिरता, दल-बदल की प्रवृत्ति और भाजपा, सपा व बसपा के बीच कड़ी टक्कर ने स्थानीय राजनीति को अस्थिर रखा हुआ है।